बर्ड फ्लू चर्चा में क्यों ??
चर्चा में क्यों?
हाल ही में राजस्थान राज्य में बर्ड फ्लू की चपेट में आने के कारण सैकड़ों कौवों (Crows) की मृत्यु हो गई, इसकी वजह से अधिकारियों द्वारा राज्य में हाई अलर्ट जारी कर दिया गया है।
प्रमुख बिंदु:
बर्ड फ्लू के बारे में:
- बर्ड फ्लू जिसे एवियन इंफ्लूएंज़ा (Avian Influenza- AI) के रूप में भी जाना जाता है, एक अत्यधिक संक्रामक विषाणु/वायरस जनित बीमारी है जो भोजन के रूप में उपयोग होने वाले कई प्रकार की पक्षी प्रजातियों (मुर्गियों, टर्की, बटेर, गिनी मुर्गी आदि) के साथ-साथ पालतू और जंगली पक्षियों को भी प्रभावित करती है।
- मनुष्यों के साथ-साथ कभी-कभी स्तनधारी भी एवियन इंफ्लूएंज़ा के संपर्क में आ जाते हैं।
प्रकार:
- इंफ्लूएंज़ा वायरस (Influenza Viruses) को तीन प्रकारों में बाँटा गया है; A, B व C और केवल A प्रकार का इंफ्लूएंज़ा वायरस ही जानवरों को संक्रमित करता है जो कि एक जूनोटिक वायरस है अर्थात् इसमें जानवरों और मनुष्यों दोनों को संक्रमित करने की क्षमता होती है। टाइप B और C ज़्यादातर मनुष्यों को संक्रमित करते हैं तथा ये केवल हल्के संक्रामक रोगों के कारक हैं।
- एवियन इंफ्लूएंज़ा वायरस (Avian Influenza Virus ) के प्रकारों में A (H5N1), A (H7N9) और A (H9N2) वायरस शामिल हैं।
वर्गीकरण:
- इंफ्लूएंज़ा वायरस को इसमें पाई जाने वाली दोहरी प्रोटीन सतह, हेमग्लगुटिनिन (Hemagglutinin-HA) औरन्यूरोमिनिडेस (Neuraminidase- NA) के आधार पर वर्गीकृत किया जाता है। उदाहरण के लिए एक वायरस जिसमें HA7 प्रोटीन और NA9 प्रोटीन होता है, उसे H7N9 के रूप में वर्गीकृत किया जाता है।.
- अत्यधिक रोगजनक एवियन इंफ्लूएंज़ा (Highly Pathogenic Avian Influenza- HPAI) ए (H5N1) वायरस मुख्य रूप से पक्षियों में पाया जाता है जो उनके लिये अत्यधिक संक्रामक होता है।
- HPAI एशियन H5N1 विशेष रूप से मुर्गी पालन उद्योग हेतु एक घातक वायरस है।
प्रभाव:
- एवियन इंफ्लूएंज़ा के प्रकोप से देश में विशेष रूप से मुर्गी पालन उद्योग में विनाशकारी परिणाम उत्पन्न हो सकते हैं।
- इसकी वजह से किसानों को मुर्गी पालन उद्योग में मुर्गियों की उच्च मृत्यु दर (लगभग 50%) का सामना करना पड़ सकता है।
निवारण:
- बीमारी या संक्रमण के प्रकोप से बचने हेतु उच्च स्तर के जैव सुरक्षा उपाय एवं साफ-सफाई का ध्यान रखना आवश्यक है।
रोग का उन्मूलन:
- यदि जानवरों में संक्रमण का पता चला है, तो रोग के नियंत्रण तथा उन्मूलन हेतु संक्रमित जानवर एवं उसके संपर्क में आए जानवरों को पकड़कर स्थिति को शीघ्रता से नियंत्रित किया जा सकता है।
भारत की स्थिति:
- वर्ष 2019 में भारत को एवियन इंफ्लूएंज़ा (H5N1) वायरस के संक्रमण से मुक्त घोषित किया गया था, एस संबंध में विश्व पशु स्वास्थ्य संगठन (World Organization for Animal Health) को भी अधिसूचित किया गया था।
- यह अवस्था एक अन्य नए प्रकोप की सूचना मिलने तक बनी रहेगी।

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